भंडारा/नागपूर: पवनी तहसील के चन्नेवाड़ा गांव के पास एक आरक्षित जंगल में बनाए गए कृत्रिम तालाब में एक अज्ञात महिला का शव बरामद हुआ था. इससे इलाके में हड़कंप मच गया था. पवनी पुलिस ने शानदार जांच का परिचय देते हुएघटना के आरोपी को 72 घंटे के भीतर गिरफ्तार कर लिया है.
पुलिस के अनुसार महिला की हत्या की अनैतिक संबंध के चलते परिवार टूटने के डर से की गई. वनरक्षक ने देखा था शव वन्यजीवों को पानी उपलब्ध कराने के लिए पवनी तहसील के चन्नेवाड़ा के आरक्षित वन में गर्मियों के दिनों में एक कृत्रिम तालाब बनाया गया था. फॉरेस्ट रेंजर सुषमा नरवड़े यह बिट में गश्त लगा रही थीं. उन्होंने तालाब में एक महिला का शव तैरता हुआ देखा.वन विभाग द्वारा इसकी जानकारी पवनी पुलिस को दी गई.
पुलिस ने मामले की जांच की एवं 27 जुलाई को 45 वर्षीय आरोपी ओमप्रकाश खोबरागड़े को नागपुर से गिरफ्तार कर पवनी लाया गया.
मृतक की पहचान इंदिरानगर, हिंगाना, नागपुर निवासी सरस्वती बिसेना (35) के रूप में हुई है. पुलिस के अनुसार कि महिला की हत्या की गयी एवं उसके शव को एक कृत्रिम तालाब में फेंक दिया गया. आरोपी चन्नेवाड़ा का पुलिस सूत्रों के अनुसार मूल रूप से चन्नेवाड़ा का रहने वाला आरोपी ओमप्रकाश खोबरागड़े कुछ साल पहले नागपुर में ठेकेदार का काम कर रहा था. मृतक महिला उसके यहां पांच साल से काम कर रही थी. महिला के पति की दो साल पहले मौत हो गई थी.
ओमप्रकाश एवं मृतक महिला के बीच अनैतिक संबंध थे. आरोपी शादीशुदा था. घर एवं खेत होने के कारण आरोपी हमेशा चन्नेवाड़ा आता रहता था. आरोपी एवं महिला 18 जुलाई को मोटरसाइकिल से चन्नेवाड़ा आए. दो दिन घर में रहने के बाद 20 जुलाई को वह जंगल घुमने के बहाने अपने साथ महिला को भी लेकर गया. बाघ एवं जंगली जानवरों को डर है, यह बताकर अपने साथ एक डंडा ले गया था. वन विभाग द्वारा बनाए गए एक कृत्रिम तालाब के पास में उसने महिला के सिर पर डंडे से वार किया गया था. महिला बेहोश होकर निचे गिर पडी. इसपर उसने महिला की गला दबाकर हत्या कर की.
महिला के शव को कृत्रिम तालाब में फेंक दिया. शव पर एक पत्थर रखा ताकि शव ऊपर न आए. तीन दिन तक पानी में रखने से शव फूला एवं पानी पर तैरने लगा. जब 23 जुलाई की सुबह में वनरक्षक गश्त लगा रही थी. लाश पानी पर तैरती मिली. ऐसे आया गिरफ्त में पुलिस को अपने खूफिया सूत्रों से पता चला किया ओमप्रकाश यह 18 जुलाई को एक अज्ञात महिला को लेकर दोपहिया वाहन से चन्नेवाड़ा आया था. 23 जुलाई को घटना के प्रकाश में आने पर भी चन्नेवाड़ा में थे. 24 जुलाई की सुबह वह अकेला ही बाइक से अकेले नागपुर गया. इसी कडी में पुलिस ने घटना की जांच की.
पवनी पुलिस तैयारी के साथ नागपुर पहुंची. पुलिस को देखते ही ओमप्रकाश खोबरागड़े को समझने में देरी नहीं लगी की उसका खेल खत्म हो चुका है. पुलिस ने ओमप्रकाश को गिरफ्तार कर पवनी ले आई. गहन पड़ताल के बाद मामला सीलसीलेवार से तरिके से कडी जुडती गयी और आरोपी ने अपना गुनाह स्वीकार कर लिया.विवाहित जिंदगी में सरस्वती बाधा ना बने इसलिए आरोपी ने उसकी हत्या की ऐसी जानकारी आरोपी ने पुलिस को दी






