नागपुर दिनांक 1 अप्रैल ( महानगर प्रतिनिधी)
नागपुर में फरवरी माह में एक भी हत्या की वारदात नहीं होने का जश्न मना रही है पोलिस के लिए मार्च महीना हत्या के मामले में भारी पड़ा और 1 या 2 नही बल्की 11 हत्याओं की वारदात से महानगर दहल गया
मार्च के आखिरी दिन 2 हत्याओं की वारदात
पहली वरदात में सरस्वतीनगर निवासी जयकिशन शामराव जावणकर (27) की हत्या की गई
जयकिशन दत्तात्रयनगर गार्डन के पास चाइनीज का स्टॉल चलाता था. उसकी मां अनू के 2 पति हैं. पहले पति से प्रिया (42) और प्रशांत (38) ऐसे 2 बच्चे हैं. जबकि दूसरे पति शामराव से जयकिशन और उसकी बहन. सरस्वतीनगर इलाके में जावणकर परिवार की 3 माले की इमारत है. यहां एक घर में जयकिशन अपनी मां के साथ रहता था, जबकि ऊपरी माले पर सौतेली बहन प्रिया अपने ब्वॉयफ्रेंड नीतेश शंकरराव सोनवने (24) के साथ रह रही थी.
बीते वर्ष नवंबर महीने में जयकिशन की मां अनू की मौत हो गई. तब सौतेला भाई प्रशांत भी अपने परिवार के साथ मकान में आकर रहने लगा. संपत्ति को लेकर भाई-बहनों में विवाद चल रहा था.
प्रकरण हुड़केश्वर थाने भी गया था. बुधवार की रात 12.30 बजे के दौरान जयकिशन और नीतेश का आमना-सामना हो गया. उसने नीतेश को घर खाली करने को कहा. विवाद इतना बढ़ गया कि नीतेश ने फावड़े से जयकिशन के सिर पर वार कर बुरी तरह जख्मी कर दिया. इसके बाद नीतेश ने उसे मारने के लिए कुल्हाड़ी उठाई. वहां मौजूद जयकिशन के दोस्त भावेश भोंगे ने बीचबचाव किया तो नीतेश ने दांत से उसे काट दिया. जयकिशन की वहीं मौत हो गई. घटना की जानकारी मिलते ही हुड़केश्वर पुलिस मौके पर पहुंची. पुलिस ने आरोपी नीतेश के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज कर गिरफ्तार कर लिया.
3 दिन बाद होने वाली थी सगाई
जयकिशन के एक युवती के साथ प्रेम संबंध थे. 3 दिन बाद दोनों सगाई करने वाले थे. बुधवार की रात 11.30 बजे के दौरान जयकिशन ने गर्लफ्रेंड से बातचीत की. उसे घर में नॉनवेज बनाने की जानकारी दी और डिब्बा लेकर आ रहा हूं कहा.
जयकिशन के रिश्तेदारों ने बताया कि पुलिस इस मामले में प्रशांत और प्रिया को बचाने का प्रयास कर रही है. घटना के समय दोनों भी वहां मौजूद थे. सोची-समझी साजिश के तहत घर पर नई कुल्हाड़ी और फावड़ा लाकर रखा गया था. नीतेश को आगे करके प्रिया और प्रशांत बचना चाहते हैं. अकेला नीतेश उसकी हत्या कर नहीं सकता.
दुसरी वारदात
हत्या की दुसरी वारदात में मृतक आंबेडकरनगर, कंट्रोल वाड़ी निवासी आशीष जयलाल बिसेन (26) है.
दूसरी वारदात वाड़ी थाना क्षेत्र की है. आशीष बिसेन वाड़ी परिसर के गोदामों में हमाली का काम करता था. उसे मिश्टी नामक 3 वर्ष की बेटी भी है. पत्नी खिलेश्वरी गृहिणी है. आशीष की हत्या के मामले में पुलिस ने खापरी निवासी मिलेंद्र बघेल (25) को गिरफ्तार कर लिया. मिलेंद्र का भाई धर्मेंद्र आशीष के घर पर किराए से रहता है. दोनों की अच्छी दोस्ती थी. बताया जाता है कि मिलेंद्र की शादी का रिश्ता भी आशीष ने ही पक्का करवाया था. मिलेंद्र को लग रहा था कि उसकी पत्नी और आशीष के बीच अनैतिक संबंध है.
बीते शनिवार को आशीष कुछ सामान लाने के लिए घर से निकला और लापता हो गया. रातभर घर नहीं लौटा तो परिजनों ने रविवार को वाड़ी पुलिस थाने में शिकायत की. इसी बीच आरोपी मिलेंद्र ने खिलेश्वरी को फोन करके पुलिस को रिपोर्ट देने के बारे में पूछा. कुछ देर बाद आशीष की मां तारा को फोन करके बताया कि तुम्हारे बेटे का अपहरण हुआ है और फोन काट दिया. परिजनों ने पुलिस को जानकारी दी. आसपास पूछताछ करने और सीसीटीवी की फुटेज खंगालने पर पता चला कि आशीष को मिलेंद्र के साथ देखा गया था.
पुलिस ने मिलेंद्र को पूछताछ के लिए बुलाया. उसने बताया कि मिलेंद्र उसके घर पर आया था. दोनों ने साथ में शराब पी. बाद में वह घर से चला गया. वह खुद भी पुलिस के साथ आशीष की खोज में लगा रहा और 3 दिन तक पुलिस को गुमराह करता रहा.
मोबाइल फोन के लोकेशन और कॉल डिटेल्स होने के कारण पुलिस को मिलेंद्र पर ही संदेह था. जैसे ही मिलेंद्र को फंसने का संदेह हुआ वह भाग निकला. आखिर उसने अपने वकील के माध्यम से हिंगना थाने में सरेंडर कर दिया. पुलिस को बताया कि उसने डोंगरगांव परिसर में सुनसान जगह पर ले जाकर आशीष की हत्या की. उसकी निशानदेही पर पुलिस ने शव बरामद किया.
मिलेंद्र ने बताया कि आशीष उसकी पत्नी पर बुरी नजर रखता था. इसीलिए उसने योजनाबद्ध तरीके से आशीष की हत्या की.






