नागपुर दिनांक 1 मार्च ( शहर प्रतिनिधि)
रेलवे में नौकरी दिलाने का झांसा देकर एक इंजीनियर को 20 लाख रुपये का चूना लगाया गया. समय-समय पर रकम लेते गए और जब नौकरी की बात आई तो भाग निकले.
अजनी पुलिस ने एलआईजी कॉलोनी निवासी उदय हरिभाऊ उमरकर (34) की शिकायत पर मामला दर्ज किया. आरोपियों में अजनी रेलवे क्वार्टर निवासी राजेंद्रप्रसाद तिवारी (58) और कोलकाता निवासी राशिद आलम का समावेश हैं. उदय इंजीनियरिंग की पढ़ाई पूरी करके निजी कंपनी में नौकरी कर रहे थे.
नवंबर 2018 में परिचित ड्राइवर के जरिए उदय की पहचान अजनी रेलवे क्वार्टर में रहने वाले राजेंद्र से हुई. राजेंद्र ने बताया कि वह रेलवे में काम करता है. आला अधिकारियों से उसके करीबी संबंध है. वह चाहे तो सेंट्रल रेलवे में अभियंता की नौकरी मिल सकती है लेकिन इसके लिए 20 लाख रुपये खर्च करने होंगे.
सरकारी नौकरी के चक्कर में उदय ने हामी भर दी. समय-समय पर नकद, यूपीआई और बैंक ट्रांसफर के जरिए आरोपियों को 20 लाख रुपये दिए. राजेंद्र ने ट्रेनिंग के नाम पर उदय को गोवा, कोलकाता, बेंगलुरु और लखनऊ भेजा. यहां उनकी राशिद के साथ मुलाकात हुई.
राशिद बार-बार ट्रेनिंग प्रोग्राम कैंसिल होने का झांसा देता रहा. 2 वर्ष बीत जाने के बावजूद उदय को नौकरी नहीं मिली. उन्होंने राजेंद्र से अपनी रकम वापस मांगी. इसी दौरान मौका पाकर राजेंद्र घर पर ताला लगाकर फरार हो गया. उदय ने मामले की शिकायत अजनी पुलिस से की. पुलिस ने धोखाधड़ी का मामला दर्ज कर जांच आरंभ की है






