नागपुर दिनांक 23 नवंबर( शहर प्रतिनिधि)
एक युवा महिला नागपुर बस स्टैंड पर उतरी और उसने ऑटो में बैठे हुए ऑटो चालक से कहा गंगा जमुना रेड लाइट एरिया चलो , महिला घरगुती और अच्छे घर से दिख रही थी तो ऑटो चालक को शक हुआ और उसने रास्ते में पानी की बोतल लेने के बहाने उतरकर पुलिस को इस बाबत जानकारी दी
पुलिस ने बीच रास्ते से महिला को पुलिस के वाहन में बिठाया और थाने ले जाकर जानकारी ली तो बड़ा खुलासा हुआ
महिला मनीषा (काल्पनिक नाम) चंद्रपू जिले की निवासी है, बचपन में ही उसके पिता ने मां और दोनो बेटियों को छोड़कर दूसरी शादी कर ली और कुछ दिनों बाद मां ने भी दोनो बच्चों को नानी के पास छोड़ दीया और दूसरी शादी कर ली, दोनों बेटियां बड़ी होने लगी और नानी का देहांत हो गया.
इधर मनीषा का विवाह हो गया और पति के साथ सांसारिक जीवन अच्छे से बीतने लगा, इसी बीच मनीषा की सहेली और मनीषा के पति के बीच संबंध बन गए और पति ने मनीषा को छोड़ उसकी सहेली के साथ घर बसा लिया
यह मनीषा के लिए बहुत बड़ा झटका था, इसी बीच उसकी पहचान नामक अविवाहित युवक से हुई प्रमोद केंद्र सरकार के डिपार्टमेंट में नौकरी पर है,प्रमोद ने मनीषा की हकीकत जानने के बाद उससे विवाह किया
2 साल के सुखी संसार के बाद भी मनीषा और प्रमोद को बच्चा नहीं हुआ इससे दोनों के बीच विवाद शुरू हो गए और मनीषा को ऐसा लगने लगा कि वह प्रमोद के सहारे जिंदगी जी रही है, कल दोनों के बीच फिर विवाद हुआ इसके बाद पैसे में आकर मनीषा ने चंद्रपुर से नागपुर की बस पकड़ी और नागपुर उतर गई और उसने वेश्याव्यवसाय करने का निर्णय लिया
नागपुर की भरोसा सेल की महिला पुलिस कर्मचारियों ने पति प्रमोद को थाने बुलवा लिया , प्रमोद और मनीषा की बहन थाने पहुंचे और जब उनको मनीषा के वेश्या व्यवसाय करने के निर्णय लेने की जानकारी मिली तो पति और बहन रोने लगे जिसको देखकर मनीषा भी भावुक हो गई और उसे अपनी गलती का एहसास हुआ
नागपुर में ऑटो चालक सुनील भोकरे की सतर्कता से मनीषा का जीवन बर्बाद होने से बच गया






