महाराष्ट्र दिनांक 12 नवंबर( प्रतिनिधि)
महाराष्ट्र के पूर्व गृह मंत्री अनिल देशमुख की मुश्किलें कम होने का नाम ही नहीं ले रही है। मुंबई के PMLA कोर्ट (Prevention of Money Laundering Act, 2002 के तहत गठित कोर्ट) ने महाराष्ट्र के पूर्व गृह मंत्री अनिल देशमुख को कथित मनी लॉन्ड्रिंग मामले में आगामी 15 नवंबर तक प्रवर्तन निदेशालय (ED) की हिरासत में भेज दिया है।
बता दें कि महाराष्ट्र के पूर्व गृह मंत्री अनिल देशमुख को विगत 1 नवंबर को मनी लॉन्ड्रिंग के एक मामले में गिरफ्तार किया गया था और उसके बाद आर्थर रोड जेल में रखा गया था। कोर्ट द्वारा ED को 14 दिन की हिरासत दी गई थी। वह अवधि आज शुक्रवार 12 नवंबर को खतम हो रही थी।
आज अदालत में सुनवाई के लिए लाने से पहले महाराष्ट्र के पूर्व गृह मंत्री को मेडिकल परीक्षण किया गया और फिर PMLA कोर्ट में पेश किया गया। सूत्रों के अनुसार ED ने पीएमएलए कोर्ट में आज कहा कि अनिल देशमुख ने सचिन वाजे को मुंबई पुलिस में बहाल करने के लिए से 2 करोड़ रुपये की रिश्वत ली थी।
आगे ED ने कोर्ट से महाराष्ट्र के पूर्व गृह मंत्री अनिल देशमुख की कम से कम 3 दिन की और हिरासत की माँग की, ताकि वह आगे की पूछताछ कर सके। PMLA कोर्ट ने ED की मांग को मान लिया और अनिल देशमुख को आगामी 15 नवंबर तक प्रवर्तन निदेशालय (ED) की हिरासत में भेज दिया।
ज्ञात हो कि कथित रूप से 100 करोड़ रुपए मनी लॉन्ड्रिंग मामले की शुरुआत तब हुई थी जब इसी साल के फरवरी में रिलायंस समूह के मालिक मुकेश अंबानी के घर एंटीलिया के पास जिलेटिन की छड़ों से लदी कार मिली थी। एंटीलिया मामले की जांच के क्रम में राष्ट्रीय अन्वेषण अभिकरण (एनआईए) ने मुंबई पुलिस की क्राइम इंटेलिजेंट यूनिट (सीआईयू) के प्रमुख एपीआई सचिन वाजे को गिरफ्तार किया था।






